Haryana न्यूयार्क फेेस्टिवल में सनराइज डाक्यूमेंटरी को मिला बेस्ट फिल्म का अवार्ड
चंडीगढ़ -  हरियाणा के जींद जिले के गांव बीबीपुर के पूर्व सरपंच सुनील जागलान की सामाजिक गतिविधियों पर केंद्रित फिल्म सनराइज को न्यूयार्क फिल्म फेस्टिवल में बेस्ट डाक्यूमेंटरी का अवार्ड मिला है। इससे पहले राष्ट्रपति द्वारा इस डाक्यूमेंटरी को दो राष्ट्रीय पुरूस्कार मिल चुके हैं। न्यूयार्क फिल्म फ़ेस्टिवल के लिए करीब तीन हजार फिल्मों ने आवेदन किया था, जिसमें से 60 फिल्म इस फ़ेस्टिवल के लिए चयनित की गई थीं।
Haryana गुरुग्राम: कोरोना वॉरियर स्टाफ नर्सों का किया स्वागत व सम्मान
नागरिक अस्पताल में कार्यरत स्टाफ नर्स ऋतु मलिक, नेहा और कमलेश ड्यूटी के दौरान कोरोना पॉजिटिव हो गई थी। अब वे कोरोना को मात देकर ड्यूटी पर लौटी हैं। 
Punjab पंजाब में कांग्रेसियों ने भी किया राम मंदिर निर्माण का स्वागत
चंडीगढ़। अयोध्या में राम मंदिर निर्माण शुरू होने पर जहां अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ओर पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह व कांग्रेस अध्यक्ष सुनील जाखड़ अभी चुप हैं वही डेराबस्सी विधानसभा क्षेत्र के प्रभारी दीपेंद्र ढिल्लों व उनके करीबी कांग्रेसी नेताओं के पोस्टर सोमवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुए। जिसके बाद नई चर्चा शुरू हो गई है।
अयोध्या में पांच अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा राम मंदिर की अधरशिला रखी जा रही है।
Religion इस विधि से बांधे राखी 
बहनें भाई को लाल रोली या केसर या कुमकुम से तिलक करें ज्योति से आरती उतारते हुए उसकी दीर्घायु की कामना करे और मिठाई खिलाए। और राखी बांधते हुए ईश्वर से उसकी लंबी आयु की और रक्षा की कामना करें । भाई उपहार स्वरुप बहन को शगुन या उपहार अवश्य दे। पुलिस, सैनिक बल तथा सैनिकों को भी रक्षार्थ राखी बांधी जाती है।
Haryana करनाल के सालवन गांव की होनहार बेटी काजल को मुख्यमंत्री ने किया सम्मानित
चंडीगढ़। सीबीएसई के साथ हरियाणा बोर्ड के आए रिजल्ट में प्रदेश की बालिकाओं ने अच्छे अंक अर्जित कर अपने माता पिता के साथ प्रदेश का नाम रोशन किया है। ऐसी ही प्रतिभाशाली बालिकाओं में शामिल है करनाल के खंड असंध निवासी नरेंद्र राणा की पुत्री काजल राणा जिसने 12वीं 2020 की परीक्षा में 95.4 फ़ीसदी अंक प्राप्त कर माता पिता के साथ विद्यालय का भी नाम रोशन किया है।
Haryana सूरत-ए-हाल: हरियाणा कांग्रेस: संगठन का अता-पता नहीं और सपने देख रहे सत्ता के
चंडीगढ़। पिछले छह साल से हरियाणा की सत्ता से आउट चल रही कांग्रेस जहां प्रदेश में दोबारा सत्तासीन होने के सपने देख रही है वहीं विपक्ष में रहने के बावजूद पिछले छह साल से पार्टी बगैर संगठन के ही चल रही है। वरिष्ठ नेताओं की आपसी गुटबाजी के चलते अभी तक ब्लाक व जिला अध्यक्षों की नियुक्तियां नहीं हो सकी है। निकट भविष्य में भी इन नियुक्तियों की कोई संभावना नहीं है। लिहाजा यह तय माना जा रहा है कि विधानसभा और लोकसभा चुनाव की तर्ज पर बरौदा उपचुनाव भी कांग्रेस पार्टी बगैर संगठन के ही लड़ेगी।